Answers

2015-01-08T17:18:00+05:30
Hey,see the simple poem  below. I had won first prize in three recitation competitions with this poem. Hope this helps. be sure to not recite in a sing song manner. It is not how you should present a recitation. Good luck.

सूरज जल्दी आना जी

एक कटोरी भरकर गोरी
धूप हमें भी लाना जील
सूरज जल्दी आना जी I

जमकर बैठा यहाँ कुहासा
 आर-पार ना दिखता हैl
ऐसे भी क्या कभी किसी के 
खर में कोई टिकता हैं ?
सच-सच ज़रा बताना जी I
सूरज जल्दी आना जी l

कल की बारिश में जो भीगे 
कपड़े अब तक गीले हैं l
क्या दीवारें, क्या दरवाज़ें 
सब के सब ही सीले हैं l
छोड़ो आज बहाना जी l
ना.. ना.. ना.. ना...ना... ना...जी।
सूरज जल्दी आना जी। 
1 5 1
The Brainliest Answer!
2015-01-09T14:04:58+05:30

कानों में मधुर
राग रागिनी
खिलखिलाती झनक
जीवन सफ़र की
अंतरंग सहेली
माँ तू है!

आँखों में बसी
रूप रोशनी
मरहम-सी छुवन
कड़ी धूप में
छाँव शीतल
माँ तू है!

खुशबू-सी पावन
मुस्कुराता गगन
साए में दर्द के
हँसने की लगन
सुलझी पहेली
माँ तू है!

एक मीठा स्वाद
सुंदर अहसास
डगमगाते क्षणों में
स्थिर विश्वास
सागर अथाह
माँ तू है!

u may try dis..i did n fared well :)

2 5 2